दीपिका नागर मौत मामला: पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 13 गंभीर चोटें, विसरा जांच से खुल सकता है राज
Viscera Analysis Could Uncover the Truth
ग्रेटर नोएडा। Deepika Nagar Death Case, दीपिका नागर की छत से गिरकर हुई मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी स्पष्ट नहीं हो सका है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ऊपरी और अंदरूनी अंगों में छोटी बड़ी 13 गंभीर चोटें होने की पुष्टि हुई है। यह चोटें घटना से पहले दीपिका के साथ निर्ममता से पिटाई होने की ओर इशारा कर रही हैं।
रिपोर्ट में दीपिका के शरीर पर कई जगह चोट, सूजन और गहरे घाव मिले हैं। सबसे बड़ी चोट चेहरे के दाहिने हिस्से पर में है। यहां पर करीब 12 सेंटीमीटर लंबा और 9 सेंटीमीटर चौड़ाई में अंदरूनी चोट है। बाएं हाथ की कोहनी पर भी चोट के निशान आए हैं। दाहिनी जांघ पर लगभग 38 सेंटीमीटर लंबा और 14 सेंटीमीटर चौड़ा गहरा दबाव और नीला निशान मिला। बाएं घुटने पर हड्डी तक गहरा घाव मिला। कमर और पेट के निचले हिस्से में भी चोटों के निशान हैं।
दाहिने कूल्हे के ऊपर गोल आकार की अंदरूनी चोट के साथ दोनों हाथों पर चोटें हैं और बाएं कान से खून निकला है। मस्तिष्क के बीच और बाईं ओर खून का थक्का मिला। तिल्ली (स्प्लीन) फटी मिली। कई हिस्सों में अंदरूनी रक्तस्राव मिला। हृदय के चैंबर खाली और बाईं किडनी पीली होने का जिक्र है। फिलहाल, मौत का कारण स्पष्ट नहीं होने से जहरीले पदार्थ की आशंका के चलते विसरा सुरक्षित किया गया है। एसीपी राजीव का कहना है कि विभिन्न बिंदुओं पर विवेचना जारी है।
प्रत्यक्षदर्शी गुलजार ने बताई घटना के बाद की कहानी
दीपिका की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की घटना के बाद के पड़ोसी गुलजार चौधरी प्रत्यक्षदर्शी हैं। उनका कहना है कि घटना रात करीब 12:30 बजे की है। मैं घर के अंदर था, अचानक तेज आवाज सुनकर बाहर भागा। सामने वाले घर में रहने वाली महिला जमीन पर पड़ी थी। उसका चेहरा जमीन की तरफ था और जमीन से सटा था। मैंने उसे उठाया, तब तक ऋतिक भागते हुए नीचे आया।
गुलजार की मदद से ऋतिक दीपिका को अपने पिता की कार में डाल कर इलाज के लिए ले गया। गुलजार ने कहा कि उन्होंने दीपिका का चेहरा पहले कभी नहीं देखा था। वह हमेशा ‘घूंघट’ में रहतीं थी। यह भी कहा कि ऋतिक और दीपिका के बीच कभी विवाद होने की जानकारी नहीं है। घटना के बाद वह ऋतिक के घर भी गए थे। तब घर में ऋतिक की बहन ही थी, ससुर व अन्य नहीं दिखे थे।